सोमवार, 11 फ़रवरी 2013

उच्च रक्तचाप ( HIGH BLOOD PRESSER ) के लिए आयुर्वेदिक उपचार !!

उच्च रक्तचाप की बीमारी हमारे समाज में खान पान और तनाव युक्त जीवन के कारण लगातार बढ़ रही है ! आयुर्वेद में इस बीमारी पर काबू पाने के लिए कुछ उपाय बताए गए हैं जिनको में आपके सामने प्रस्तुत कर रहा हूँ जिनका अगर प्रयोग किया जाए तो फायदा हो सकता है ! 

१. रात को तांबे के बर्तन में पाँव किलो पानी रखें और उसमें असली* रुद्राक्ष के आठ दाने डालकर रख दें ! रोजाना सवेरे उषापान के रूप में वह पानी पी जाएँ ! इसके नित्य प्रयोग से तीन माह में हि रक्तचाप कम हो जाएगा ! आप उन्ही दानों को तीन माह तक प्रयोग कर सकते हैं हाँ रुद्राक्ष को दो तीन सप्ताह बाद ब्रुश से साफ़ करके धुप में सुखा लें !

२. दौ सौ पचास ग्राम ताज़ी हरी लौकी छिलके सहित पांच सौ ग्राम पानी में प्रेशर कुकर में डालकर आग पर रख दें और एक सीटी बजने पर आग पर से उतार लें ! मसलकर छान कर ( बिना इसमें कुछ मिलाएं ) इसे सूप कि तरह गर्म गर्म पी लें ! आवश्यकतानुसार प्रात: खाली पेट लगातार तीन चार दिन तक रौजाना एक खुराक लें !


३. एक तांबे की कटोरी में १०-१५ ग्राम मैथी दाना रात को पानी में भिगो दें ! सुबह मैथी दाना निकालकर वह पानी पी लें ! रक्तचाप कि अवस्था में आवश्यक परहेज के साथ यह प्रयोग करने से चाहे रक्तचाप बढ़ा हुआ हो या कम हो सामान्य होने लगेगा ! साथ हि इस प्रयोग से मधुमेह तथा मोटापा में भी लाभ होता है !

४. उच्च रक्तचाप में रात्री में सोने से पहले बादाम के तेल की पांच पांच बूंदों का नस्य लेने से भी ना केवल रक्तचाप बल्कि सिर के अनेक रोगों में भी लाभ होता है !


* शुद्ध रुद्राक्ष की पहचान यह है कि शुद्ध रुद्राक्ष पानी में डूब जाता है !

17 टिप्‍पणियां :

Madan Mohan Saxena ने कहा…

बहुत सुंदर भावनायें और शब्द भी ...बेह्तरीन अभिव्यक्ति ...!!शुभकामनायें.

रविकर ने कहा…

बढ़िया सलाह-
आभार भाई जी -

एक दिन १७०-११० हो गया था-
परन्तु सामान्यतया १४०-९० के निचे रहता है-
सावधानी शुरू कर दी है -
मेथी का उपचार भी कल से चालु-
आभार-

पूरण खण्डेलवाल ने कहा…

आभार !!

Shalini kaushik ने कहा…

.सराहनीय @puran ji .aapki jankari ke liye bata dun ki mere do blog hain ''kaushal''aur'' kanooni gyan'' pahle ye post maine kaushal par dali thi aur bad me ise kanooni gyan par dal diya aapka comment kaushal par prajkshit hai aur mere liye amulaya hai sadev .aap ye kabhi n samjhen ki main comment delite karti hoon kabhi nahi .aapka mere blog par hamesha swagat hai . अफ़सोस ''शालिनी''को ये खत्म न ये हो पाते हैं . आप भी जाने संवैधानिक मर्यादाओं का पालन करें कैग

Pallavi saxena ने कहा…

बढ़िया जानकारी है आभार

Asha Lata Saxena ने कहा…

जब तक उपचार कराते रहो बी.पी ठीक रहता है फिर परिवर्तित होने लगता है |उम्दा जानकारी के लिए धन्यवाद |
आशा

पूरण खण्डेलवाल ने कहा…

क्षमा करें ,एक हि पोस्ट दो ब्लोगों पर होने का कारण ऐसा हुआ है !!

पूरण खण्डेलवाल ने कहा…

आयुर्वेदिक उपचार द्वारा लगातार दवा लेने से छुटकारा मिल सकता है !
आपका आभार !

पूरण खण्डेलवाल ने कहा…

आभार !!

Vishal Rathod ने कहा…

आप धन्य हो . ऐसे ही सलाह देते रहिये और लोगो का कल्याण कीजिये .

Travel India

Rajendra kumar ने कहा…

बहुत ही लाभप्रद जानकारी दी बहुत बहुत आभार है आपका.

सदा ने कहा…

उपयोगी जानकारी के साथ ही बेहतरीन प्रस्‍तुति

आभार

पूरण खण्डेलवाल ने कहा…

आभार !!

लोकेश सिंह ने कहा…

जनउपयोगी जानकारी के लिए बहुत बहुत साधुवाद ,शुभकामनाये

Amrita Tanmay ने कहा…

अति उपयोगी जानकारी..

ZEAL ने कहा…

Useful and informative---thanks.

पूरण खण्डेलवाल ने कहा…

आभार !!